रीठा साहिब जोड़ मेले में आस्था का उत्साह, डीएम ने लिया व्यवस्था का जायजा
चंपावत (लोक निर्णय)उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ‘अतिथि देवो भव:’ तथा धार्मिक पर्यटन को सुगम व सुरक्षित बनाने के विजन के अनुरूप चंपावत जिला प्रशासन पूरी मुस्तैदी से काम कर रहा है। ऐतिहासिक व धार्मिक स्थल गुरुद्वारा श्री रीठा साहिब में आयोजित तीन दिवसीय जोड़ मेले के दूसरे दिन जिलाधिकारी मनीष कुमार ने गुरुद्वारे में मत्था टेककर जनपद की समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इस अवसर पर गुरुद्वारा प्रबंधन समिति के अध्यक्ष बाबा श्याम सिंह द्वारा जिलाधिकारी को शाल ओढ़ाकर सम्मानित भी किया गया।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के उस विजन, जिसमें देश-विदेश से आने वाले सिख तीर्थयात्रियों और आम नागरिकों को देवभूमि में विश्वस्तरीय और बाधारहित सुविधाएं देने का संकल्प निहित है, को धरातल पर उतारने के उद्देश्य से जिलाधिकारी ने मेला क्षेत्र का निरीक्षण किया। उन्होंने सड़क मार्ग, पेयजल आपूर्ति, स्वास्थ्य सेवाओं, स्वच्छता और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाओं की जमीनी स्थिति को बारीकी से परखा। जिलाधिकारी ने मौके पर मौजूद अधिकारियों को निर्देश दिए कि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े, इसे हर हाल में सुनिश्चित किया जाए।स्वच्छता के विजन को सुदृढ़ करने के दृष्टिगत जिलाधिकारी ने अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत को सड़क किनारे बने शौचालयों की नियमित सफाई सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही मेला क्षेत्र में पर्याप्त स्थाई शौचालयों की उपलब्धता के साथ-साथ यात्रा मार्ग पर संचालित विभिन्न लंगर स्थलों पर मोबाइल टॉयलेट तैनात करने की हिदायत दी। मेले में पानी का कोई संकट न हो, इसके लिए पेयजल निगम को सभी लंगर स्थलों पर अनिवार्य रूप से पेयजल टैंकरों की व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए पाबंद किया गया है।
मेला क्षेत्र की व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने के क्रम में जिला पंचायत को नियमित रूप से वृहद सफाई अभियान चलाने तथा अधिशासी अभियंता, यूपीसीएल को संपूर्ण मेला क्षेत्र एवं यात्रा मार्ग पर चौबीसों घंटे निर्बाध विद्युत आपूर्ति व प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही, मुख्यमंत्री के ‘सुरक्षित उत्तराखंड’ के संकल्प के तहत यातायात को बाधारहित बनाने के लिए सड़क निर्माण विभाग तथा वन विभाग को संयुक्त रूप से मार्ग से नियमित रूप से पिरूल हटाने, झाड़ियों के कटान तथा नालियों की सफाई का कार्य युद्धस्तर पर निष्पादित करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि यातायात सुचारू बना रहे।इस निरीक्षण और व्यवस्था के जायजे के दौरान गुरुद्वारा प्रबंधक बाबा श्याम सिंह सहित विभिन्न संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी व गुरुद्वारा समिति के पदाधिकारी उपस्थित रहे।


