मुख्यमंत्री के नेतृत्व में 11.43 करोड़ की लागत से संवरेगा चम्पावत का ककरालीगेट-ठूलीगाड-भैरव मंदिर मार्ग
चम्पावत।(लोक निर्णय) मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कुशल नेतृत्व में प्रदेश सरकार उत्तराखंड के सीमांत जनपदों में सड़क कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने और सुदूर क्षेत्रों तक आवागमन को सुगम करने के लिए निरंतर संकल्पबद्ध है। केन्द्रीय सड़क अवसंरचना निधि (CRIF) के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2026-27 हेतु जनपद चम्पावत की ककरालीगेट- ठूलीगाड-भैरव मंदिर मोटर मार्ग (राज्य मार्ग-108) के सुदृढ़ीकरण एवं सुधार कार्यों के लिए वित्तीय एवं प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है।लगभग 18.875 किलोमीटर लंबे इस महत्वपूर्ण मार्ग सुधार हेतु राज्य सरकार द्वारा 1143.15 लाख रुपये (11.43 करोड़ रुपये) की स्वीकृति दी गई है, जिसके सापेक्ष चालू वित्तीय वर्ष हेतु 457.26 लाख रुपये की प्रथम किश्त की धनराशि अवमुक्त कर दी गई है।ककरालीगेट-ठूलीगाड-भैरव मंदिर मार्ग चम्पावत जनपद की धार्मिक और पर्यटन संभावनाओं की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। इस मार्ग के कायाकल्प और सुदृढ़ीकरण से पूर्णागिरि धाम एवं भैरव मंदिर आने-जाने वाले लाखों श्रद्धालुओं तथा स्थानीय निवासियों को आवागमन में अभूतपूर्व सुगमता मिलेगी।मार्ग का सुधारीकरण होने से यात्रा समय में कमी आएगी, वाहनों के संचालन में सुरक्षा बढ़ेगी और दुर्घटनाओं की आशंका में कमी होगी। साथ ही, बेहतर सड़क अवसंरचना के विकास से क्षेत्र में स्थानीय व्यापार, पर्यटन, और रोजगार के नए अवसरों का सृजन होगा, जिससे चम्पावत जनपद के सामाजिक-आर्थिक विकास को नई गति प्राप्त होगी।इस संबंध में जानकारी देते हुए जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने बताया कि ककरालीगेट- ठूलीगाड- भैरव मंदिर मोटर मार्ग क्षेत्र की संपर्क व्यवस्था और जनसुविधाओं के लिए एक अति-महत्वपूर्ण परियोजना है। जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था एवं संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं कि निर्माण व सुदृढ़ीकरण कार्य में गुणवत्ता और मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए।उन्होंने निर्देशित किया कि डामरीकरण व अन्य आवश्यक तकनीकी कार्यों को निर्धारित समयावधि के भीतर पूर्ण किया जाए ताकि आम जनता व श्रद्धालुओं को शीघ्र अति शीघ्र इस सुदृढ़ मार्ग का लाभ मिल सके।





