सेस पर राइस मिलर्स को बड़ी राहत,आदेश जारी
रुद्रपुर ।(लोक निर्णय)उत्तराखंड कृषि उत्पादन विपणन बोर्ड के अध्यक्ष मंडी अनिल कपूर डब्बू के विशेष प्रयासों से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य में न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर बेचे जाने वाले गेहूं और धान की खरीद पर मंडी शुल्क तथा विकास उपकर लगाने को सहर्ष स्वीकृति दे दी है। यह आदेश अधिसूचना जारी होने की तिथि से तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है। राज्यपाल द्वारा यह निर्णय ‘उत्तराखण्ड कृषि उत्पाद मण्डी (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 2011’ की धारा-27 के खण्ड (ग) के उपखण्ड (दो) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लिया गया है।रबी एवं खरीफ सत्रों के दौरान बेची जाने वाली निर्दिष्ट कृषि उपज “गेहूं” और “धान” के सौदों पर यह शुल्क लागू होगा। मंडी शुल्क 1.5% (डेढ़ प्रतिशत) विकास उपकर (Development Cess): 0.5% (आधा प्रतिशत) यह शुल्क मंडी क्षेत्र में भारत सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर होने वाली सरकारी खरीद पर लागू होगा। इसके दायरे में खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग या उनके द्वारा निर्दिष्ट संस्था/व्यापारी को किसानों द्वारा बेचे गए गेहूँ और धान के सौदे शामिल होंगे। इस अधिसूचना के लागू होने के बाद मंडी क्षेत्र में होने वाली सरकारी खरीद प्रक्रियाओं में नया शुल्क ढांचा लागू हो जाएगा। इससे पूर्व मंडी शुल्क ढाई प्रतिशत था। मुख्यमंत्री के विशेष प्रयासों से यह दो प्रतिशत हुआ। इससे राइस मिलों एवं किसानों को राहत मिली।




