ग्रामीण महिलाओं को कौशल विकास एवं स्वरोजगार को प्रोत्साहन
पंतनगर।( लोक निर्णय) गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, पंतनगर के सामुदायिक विज्ञान महाविद्यालय के चतुर्थ वर्ष के विद्यार्थियों द्वारा ग्रामीण जागरूकता कार्यानुभव (रावे) कार्यक्रम के अंतर्गत सिंघल फार्म एवं गोपीपुरम गांव, ग्राम सभा बच्चीधर्मा, हल्दूचौड़ में ग्रामीण महिलाओं द्वारा निर्मित हस्तशिल्प एवं उपयोगी उत्पादों की प्रदर्शनी आयोजित की गई। अगस्त से अक्टूबर तक संचालित इस कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों ने विभिन्न ग्रामीण विकास गतिविधियों में सक्रिय सहभागिता करते हुए महिलाओं को कौशल विकास, स्वरोजगार एवं आय अर्जन के प्रति जागरूक किया।कार्यक्रम के अंतर्गत 71 विद्यार्थियों द्वारा चयनित परिवारों की महिलाओं को विभिन्न उपयोगी कौशलों का प्रशिक्षण प्रदान किया गया। साथ ही, उन्हें दैनिक जीवन में कौशलों के उपयोग, स्वरोजगार की संभावनाओं तथा आय बढ़ाने के विभिन्न माध्यमों की जानकारी दी गई।प्रदर्शनी में ग्रामीण महिलाओं द्वारा स्वयं तैयार किए गए हस्तशिल्प एवं उपयोगी उत्पाद आकर्षण का केंद्र रहे। इनमें फुलकारी एवं कसूती कढ़ाई, ऐपण कला, मंडाला कला, क्रोशिया एवं लिप्पन कला से निर्मित वस्तुओं के साथ टोट बैग, सलवार-सूट, फ्रॉक, शर्ट, बुनाई, बंधेज, बाटिक छपाई तथा क्विलिंग कला से तैयार उत्पाद शामिल थे। इसके अतिरिक्त, अनुपयोगी वस्तुओं का पुनः उपयोग कर बनाए गए पेपर बैग, पेन स्टैंड, फ्लावर पॉट सहित विभिन्न सजावटी एवं उपयोगी वस्तुओं का भी प्रदर्शन किया गया। इन उत्पादों के माध्यम से महिलाओं ने अपनी रचनात्मकता, कलात्मक प्रतिभा एवं अर्जित कौशल का परिचय दिया।प्रदर्शनी का आयोजन रावे प्रभारी डॉ. अनुपमा पाण्डे, सामुदायिक विज्ञान महाविद्यालय तथा डॉ. सुधा जुकारिया, सह-निदेशक, गृह विज्ञान, कृषि विज्ञान केंद्र ज्योलीकोट के मार्गदर्शन में किया गया। कार्यक्रम में उपप्रधान श्री धर्मेंद्र यादव एवं वार्ड सदस्य श्रीमती सुनीता उपस्थित रहे। उन्होंने महिलाओं एवं विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए ऐसी गतिविधियों को ग्रामीण महिलाओं के आत्मविश्वास, कौशल विकास और आर्थिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण बताया।प्रदर्शनी में लगभग 20 महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपने उत्पादों का प्रदर्शन किया। महिलाओं ने अपने अनुभव साझा करते हुए भविष्य में भी इस प्रकार के प्रशिक्षण एवं प्रदर्शनी कार्यक्रम आयोजित किए जाने की इच्छा व्यक्त की। ग्राम सिंघल फार्म एवं गोपीपुरम में कार्यक्रम का आयोजन ग्राम प्रधान रुकमणी नेगी के सहयोग से संपन्न हुआ। इस पहल से ग्रामीण महिलाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने तथा अर्जित कौशल को स्वरोजगार एवं आय अर्जन के साधन के रूप में विकसित करने का अवसर मिला। साथ ही, विद्यार्थियों को ग्रामीण महिलाओं के साथ प्रत्यक्ष रूप से कार्य करने और उनके कौशल विकास एवं सशक्तीकरण में योगदान देने का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त हुआ।





