अपराध उत्तराखंड

कुख्यात वाल्मीकि गैंग से संलिप्तता मिलने पर दो पुलिस कर्मी गिरफ्तार

देहरादून: प्रवीण वाल्मिक गैंग से संबंध रखने पर उत्तराखंड के दो पुलिस कर्मियों को एसटीएफ की टीम ने गिरफ्तार कर लिया है।
एसटीएफ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर ने बताया कि जांच में पाया गया कि कांस्टेबल शेर सिंह व कांस्टेबल हसन जैदी पुलिस विभाग में आरक्षी के पद पर जनपद पिथौरागढ़ में नियुक्त हैं, के आपसी संबंध कुख्यात अपराधी प्रवीण वाल्मीकि और मनीष वाल्मीकि उर्फ बॉलर के गिरोह के साथ हैं।इनकी प्रवीण वाल्मिकी के साथ जेल में मुलाकात करने के विवरण के साथ साथ मनीष बॉलर के साथ आपसी कॉल रिकार्ड पाए गए। यहीं नहीं, इन दोनों ने पीडित पक्ष पर उनकी जमीन को कब्जाने के लिए दवाब बनाया था। उसके लिए शेर सिंह द्वारा 26 अप्रैल को रुड़की कोर्ट परिसर में पीडित पक्ष को बुलाकर तारीख पर आए प्रवीण वाल्मीकि से मुलाकात कराई एवं मार्च में हसन जैदी द्वारा मनीष बॉलर के साथ पीड़िता रेखा के पुत्र सूर्यकांत को रूड़की हॉस्पिटल में जाकर धमकाया गया और अपनी संपत्ति को विक्रय करने के लिए दबाव बनाया।आरोपित शेर सिंह पुत्र स्व. दल सिंह ग्राम बहादरपुर जट जिला हरिद्वार का और हसन अब्बास जैदी पुत्र स्व. तालीब अली खेरवा जलालपुर, तहसील सरधना जिला मेरठ उत्तर प्रदेश का रहने वाला है।


ऐसे उजागर हुआ था मामला

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर ने बताया कि प्रवीण वाल्मीकि गैंग के मामले में अगस्त में मिली गोपनीय सूचना और प्रार्थना पत्र के आधार पर एसटीएफ ने जांच की। जांच के आधार पर 27 अगस्त को एसटीएफ ने थाना गंगनहर में विभिन्न धाराओं में कुख्यात गैंगस्टर प्रवीण वाल्मिकी,उसका भतीजा मनीष बालर, पंकज अष्टवाल सहित छह लोगों के विरुद्ध प्राथमिकी पंजीकृत कराई। साथ ही विवेचना एसटीएफ को सौंपी गई। इस मामले में पहली बार वाल्मीकि गैंग के दो सदस्यों मनीष बालर और पंकज अष्टवाल निवासी ग्राम सुनेहरा थाना गंगनहर जनपद हरिद्वार को थाना गंगनहर क्षेत्र में दबीश देकर गिरफ्तार किया। मनीष एवं पंकज से पूछताछ में जमीन की विक्रय करने वाली फर्जी रेखा व संलिप्त सदस्यों की जानकारी मिली। जिस पर फर्जी रेखा बनी महिला निर्देश पत्नी कुलदीप सिंह निवासी ज्वालपुर हरिद्वार की भी एसटीएफ गिरफ्तार कर चुकी है। अब इस प्रकरण में दो पुलिस आरक्षियों की संलिप्तता मिलने पर गिरफ्तारी की गई है। उन्होंने बताया कि रुड़की क्षेत्र के ग्राम सुनेहरा निवासी श्याम बिहारी की वर्ष, 2014 में मृत्यु हो गई थी। जिसके करोड़ों रुपए की बेशकीमती संपत्ति ग्राम सुनेहरा क्षेत्र में स्थित है। श्याम बिहारी की मृत्यु के बाद इस संपत्ति की देखभाल उसका छोटा भाई कृष्ण गोपाल कर रहा था ।वर्ष, 2018 में प्रवीण वाल्मीकि गैंग द्वारा इस संपत्ति को कब्जा करने की नियत से कृष्ण गोपाल की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। बाद में इस संपत्ति की देखभाल श्याम बिहारी की पत्नी रेखा द्वारा की जाने लगी तो प्रवीण वाल्मीकि ने रेखा को धमकाकर संपत्ति अपने नाम पर करने के लिए दबाव बनाया,लेकिन वह नहीं मानी तो उसके भाई सुभाष पर वर्ष, 2019 में अपने भतीजे मनीष बॉलर व उसके साथियों के साथ गोली चलवाई। जिसमें धारा 307 भादवि का मुकदमा थाना गंगानगर पर पंजीकृत कराया गया । इन दोनों घटनाओं से रेखा का परिवार डर गया और वह रुड़की क्षेत्र छोड़कर कहीं अज्ञात स्थान पर छिप कर रहने लगे । इसके बाद रेखा व कृष्ण गोपाल की संपत्ति को प्रवीण वाल्मिकी व उसके सदस्यों द्वारा फर्जी रेखा व कृषण गोपाल की पत्नी स्नेहलता बनाकर फर्जी पावर अटार्नी तैयार की गई। इन संपत्तियों को आगे बेचा गया ।इस काम में मनीष बालर का सहयोगी पंकज था ।जिसने रेखा की फर्जी पावर अटार्नी अपने नाम करवाकर करोड़ों मूल्य की संपत्ति को खुर्द _बुर्द कर आगे बेचा । प्रवीण वाल्मीकि गैंग का इतना भय था कि इस परिवार ने अपनी जान माल की रक्षा के लिए किसी से कोई भी शिकायत नहीं दर्ज कराई गई।

locnirnay@gmail.com

locnirnay@gmail.com

About Author

You may also like

उत्तराखंड

राज्यमंत्री ने जीएसटी में हुए बदलाव को बताया ऐतिहासिक फैसला

हरिद्वार:राज्य मंत्री सुनील सैनी ने जीएसटी में बदलाव को एक ऐतिहासिक फैसला बताया। बताया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दूरदर्शी नेतृत्व
उत्तराखंड

हरिद्वार में महिलाओं को सशक्त बनाने के दिए टिप्स

हरिद्वार: राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत गठित स्वागत क्लस्टर लेवल फेडरेशन (सीएलएफ) को शुक्रवार को भी सरस केंद्र, जमालपुर