भिंगराड़ा की महिलाओं ने आंचल डेयरी को भेजी पहली ब्रिकेट खेप
चम्पावत।(लोक निर्णय) जिले के विकासखंड पाटी अंतर्गत भिंगराड़ा ग्राम पंचायत की महिलाओं ने स्वरोजगार और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में एक उदाहरण प्रस्तुत किया है।‘उज्जवल महिला ग्राम संगठन’ द्वारा संचालित पिरुल ब्रिकेटिंग यूनिट अब ग्रामीण आजीविका सशक्तिकरण का प्रभावी मॉडल बनकर उभर रही है।स्थानीय स्तर पर महिलाओं द्वारा तैयार किए जा रहे पर्यावरण अनुकूल पिरुल ब्रिकेट्स की मांग लगातार बढ़ रही है।अल्मोड़ा दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ (आंचल डेयरी) द्वारा दिए गए 100 कुंतल पिरुल ब्रिकेट के ऑर्डर के सापेक्ष संगठन ने आज 20 कुंतल ब्रिकेट की पहली खेप 11 रुपये प्रति किलो की दर से सफलतापूर्वक रवाना की।संगठन की पदाधिकारियों ने बताया कि शेष ऑर्डर को पूरा करने के लिए महिलाएं पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही हैं तथा शीघ्र ही संपूर्ण आपूर्ति सुनिश्चित कर दी जाएगी।‘वेस्ट टू वेल्थ’ की अवधारणा को साकार कर रही यह पहल आज ग्रामीण महिलाओं के लिए आय और आत्मनिर्भरता का मजबूत माध्यम बन चुकी है। यूनिट से वर्तमान में लगभग 75 महिलाएं प्रत्यक्ष रूप से रोजगार प्राप्त कर रही हैं।जिलाधिकारी मनीष कुमार ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि पिरुल ब्रिकेटिंग यूनिट ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने के साथ-साथ वनाग्नि की घटनाओं की रोकथाम में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उन्होंने कहा कि भविष्य में यूनिट की मशीनरी क्षमता बढ़ाने तथा उत्पाद के व्यापक विपणन हेतु जिला प्रशासन हरसंभव सहयोग प्रदान करेगा, ताकि अन्य डेयरी संस्थान एवं स्थानीय होटल व्यवसायी भी इसका लाभ उठा सकें।





