‘प्ली बारगेनिंग’ से न्याय पाना होगा आसान
चंपावत।(लोक निर्णय) न्याय प्रणाली में सुगमता लाने और अदालतों पर लंबित मुकदमों के बढ़ते बोझ को कम करने के उद्देश्य से शासन के निर्देशों के क्रम में जिला प्रशासन ने ‘भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023’ के अंतर्गत ‘प्ली बारगेनिंग’ (Plea Bargaining) के नवीन प्रावधानों के व्यापक प्रचार-प्रसार की पहल की है। प्रभारी अधिकारी, जिला कार्यालय द्वारा इस संबंध में विस्तृत जानकारी देते हुए अवगत कराया गया है कि नई संहिता के तहत न्याय प्रक्रिया में गतिशीलता लाने और पात्र व्यक्तियों को त्वरित राहत प्रदान करने के लिए विशेष वैधानिक अधिकार दिए गए हैं।
‘प्ली बारगेनिंग’ की महत्ता को रेखांकित करते हुए बताया गया कि यह प्रावधान मुख्य रूप से उन प्रकरणों के लिए प्रभावी है जिनमें अधिकतम सजा सात वर्ष से कम कारावास निर्धारित है। इसके अंतर्गत पात्र पक्षकारों को यह वैधानिक अधिकार प्रदान किया गया है कि वे न्यायालय में आरोप तय होने के 30 दिनों के भीतर ‘प्ली बारगेनिंग’ के लिए अपना आवेदन प्रस्तुत कर सकते हैं। इस प्रक्रिया का मुख्य लाभ यह है कि अभियुक्त और पीड़ित पक्ष आपसी सहमति से मामले का निपटारा कर सकते हैं, जिससे लंबी न्यायिक प्रक्रिया से बचा जा सकता है।
प्रशासन द्वारा अवगत कराया गया कि यह नवीन व्यवस्था न केवल अदालतों में मुकदमों की संख्या को कम करने में सहायक सिद्ध होगी, बल्कि न्याय की सुलभता और गति को भी बढ़ाएगी। शासन के निर्देशों के अनुपालन में जिला स्तर पर इन प्रावधानों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है ताकि पात्र लोग अपने वैधानिक अधिकारों का उपयोग कर समय पर न्याय प्राप्त कर सकें।




