दीक्षान्त समारोह की तिथि घोषित, चर्चाएं तेज
पंतनगर:गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के दीक्षान्त समारोह की तिथि घोषित कर दी गई।जबकि पिछले साल जून में राज्यपाल के सचिव रविनाथ रामन के जारी पत्र के अनुसार नियमित कुलपति की नियुक्ति से पहले और कुलपति के कार्यकाल के अन्तिम तीन महीनों में कार्य परिषद की बैठक,नियुक्ति आदि करने से मना किया गया था।इसे लेकर विवि में तरह तरह की चर्चाएं जोरों पर हैं।साथ ही सवाल भी उठाए जा रहे हैं। राज्यपाल के सचिव रविनाथ रामन ने 17 जून 25 को पंत विवि के कुलपति को पत्र भेजा था। जिसमें पंतनगर विश्वविद्यालय को नियमित कुलपति की नियुक्ति से पहले और कुलपति के कार्यकाल के अन्तिम तीन महीने में कार्यपरिषद बैठक, नियुक्ति के लिए चयन समितियों/ साक्षात्कार न कराने के निर्देश दिए गए हैं।साथ ही निर्देश का कड़ाई से पालन करने को भी कहा था, क्योंकि कुलपति का कार्यकाल 28 अगस्त,2025 को पूर्ण हो रहा था। कार्यकाल पूर्ण होने के बाद कुलपति का कार्यकाल छह माह के लिए कार्यवाहक के तौर पर बढ़ा दिया गया, जो अगले महीने पूरा हो रहा है। पंत विवि में चर्चा है कि दीक्षान्त समारोह कराने के लिए प्रबन्ध परिषद की बैठक होनी होती है।चर्चा है कि कार्यवाहक कुलपति के रहते प्रबंध परिषद की बैठक नहीं हो सकती। यह भी लोगों में चर्चा है कि यदि कुलपति के बढ़े कार्यकाल की गिनती भी करें तो भी ये उनके छह माह के बढ़े कार्यकाल का पांचवां महीना है। ऐसे में दीक्षांत समारोह किया जा सकता है?, यह विवि ही बता सकता है।लोगों का कहना है कि सभी को पता है कि कुलपति की चयन प्रक्रिया अन्तिम दौर में हैं,यह भी कह रहे हैं कि दीक्षान्त कार्यक्रम का आयोजन क्या चयन प्रक्रिया को प्रभावित करने का प्रयास तो नहीं, चर्चा है कि कुलपति भी एक उम्मीदवार हैं ? लोगों का कहना है कि प्रश्न अनेक हैं,पर निर्णय तो प्रदेश के शासन और प्रशासन को ही करना है। दीक्षांत समारोह करने की क्या प्रक्रिया है,यह तो विवि ही बता पाएगा। जब इस मामले में विवि की कुलसचिव डॉक्टर दीपा विनय से उनका पक्ष जानना चाहा तो उन्होंने बताया कि कुलपति कार्यालय के निर्देश पर समारोह कराया जा रहा है।





