इंस्पायर अवार्ड मानक में शत-प्रतिशत नामांकन का लक्ष्य, 70 प्रधानाचार्यों को दिया गया प्रशिक्षण
रुद्रपुर।(लोक निर्णय) उत्तराखंड राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी), देहरादून के तत्वावधान में आज इंस्पायर अवार्ड मानक कार्यक्रम के अंतर्गत जनपद स्तरीय अभिमुखीकरण कार्यशाला जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट), सभागार में हुई।कार्यशाला का उद्देश्य विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण एवं शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करने के साथ-साथ प्रधानाचार्यों एवं शिक्षकों को कार्यक्रम की पूरी प्रक्रिया से अवगत कराना था।कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य शिक्षा अधिकारी हरेंद्र कुमार मिश्रा तथा डायट के प्राचार्य गणेश सिंह ज्याला ने किया। राज्य इंस्पायर समन्वयक अवनीश उनियाल ने ऑनलाइन माध्यम से कार्यशाला को संबोधित करते हुए इंस्पायर अवार्ड मानक कार्यक्रम की उपयोगिता, उद्देश्यों और विद्यार्थियों में नवाचार की भावना विकसित करने पर विस्तार से प्रकाश डाला।कार्यशाला में जिला संदर्भदाता सीमा त्रिवेदी, जिला समन्वयक इंस्पायर अवार्ड प्रेमचंद, शिव पांडे तथा मनीषा सिंह (अजीम प्रेमजी फाउंडेशन) ने पीपीटी प्रस्तुति के माध्यम से विद्यालयों में छात्रों के ऑनलाइन पंजीकरण, आइडिया बॉक्स, नवाचार आधारित प्रोटोटाइप तैयार करने और नामांकन की संपूर्ण प्रक्रिया की विस्तार से जानकारी दी। प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का समाधान भी किया गया।
वक्ताओं ने बताया कि इंस्पायर अवार्ड मानक प्रतियोगिता के लिए प्रत्येक विद्यालय से पांच छात्रों का नामांकन किया जाता है। चयनित विद्यार्थियों को अपने नवाचार आधारित प्रोटोटाइप के विकास के लिए भारत सरकार द्वारा 10 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाती है। इसके बाद विद्यार्थी जनपद, राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करते हैं।इस वर्ष इंस्पायर अवार्ड मानक के लिए नामांकन प्रक्रिया 15 जुलाई से 15 सितंबर 2026 तक संचालित की जा रही है। राज्य स्तर पर शत-प्रतिशत नामांकन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसी लक्ष्य को हासिल करने और अधिकाधिक गुणवत्तापूर्ण प्रविष्टियां सुनिश्चित करने के लिए यह कार्यशाला आयोजित की गई, जिसमें जनपद के 70 प्रधानाचार्य एवं प्रधानाध्यापकों ने भाग लिया।
मुख्य शिक्षा अधिकारी हरेंद्र कुमार मिश्रा ने कहा कि पिछले वर्ष इंस्पायर अवार्ड मानक में उधम सिंह नगर ने प्रदेश में सर्वाधिक नामांकन दर्ज कर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया था। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस वर्ष भी जनपद के सभी विद्यालय अधिक से अधिक छात्र-छात्राओं का नामांकन कर नया कीर्तिमान स्थापित करेंगे और विद्यार्थियों की नवाचार क्षमता को राष्ट्रीय मंच तक पहुंचाएंगे।कार्यक्रम में खंड शिक्षा अधिकारी सावेद आलम (रुद्रपुर), भानु प्रताप सिंह (खटीमा), ब्लॉक समन्वयक विनीता, जगदीश चौधरी, निर्मल नियलिया, ओमेंद्र सिंह, हरिशंकर याज्ञिक, अर्चना पाठक, प्रीति अग्रवाल सहित जनपद के अनेक प्रधानाचार्य, प्रधानाध्यापक एवं शिक्षक उपस्थित रहे।





