अब हर स्कूल बनेगा ‘ईट राईट स्कूल’
चंपावत।(लोक निर्णय)जिलाधिकारी मनीष कुमार ने आज जिला स्तरीय सलाहकार समिति’ की बैठक ली।जिलाधिकारी ने जनपद में खाद्य सुरक्षा, मिलावट नियंत्रण, पोषण जागरूकता तथा स्वच्छ खान-पान की आदतों को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की।
उन्होंने खाद्य संरक्षा विभाग को निर्देशित किया कि निरीक्षण अभियान, खाद्य नमूनों की जांच एवं मिलावट के विरुद्ध कार्रवाई को नियमित एवं प्रभावी रूप से संचालित किया जाए। साथ ही सैंपलिंग कार्य में तेजी लाते हुए दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। जनपद में खाद्य प्रतिष्ठानों के लाइसेंस एवं पंजीकरण की संख्या में वृद्धि की जाए।जिससे खाद्य व्यवसायों को नियामकीय दायरे में लाया जा सके।बैठक में ‘ईट राईट इंडिया’ अभियान को विशेष प्राथमिकता देते हुए जिलाधिकारी ने जनपद के सभी विद्यालयों को इसके अंतर्गत प्रमाणित (Certified) करने के निर्देश दिए। इसके लिए शिक्षा, महिला एवं बाल विकास, खाद्य सुरक्षा तथा अन्य संबंधित विभागों को समन्वित कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए। साथ ही मुख्य शिक्षा अधिकारी को प्रत्येक विद्यालय हेतु “ईट राईट एम्बेसडर” नामित करने तथा प्रमाणित विद्यालयों एवं उनके प्रधानाचार्यों को पुरस्कृत करने के निर्देश भी दिए गए।जिलाधिकारी ने कहा कि शिक्षा से पूर्व विद्यार्थियों का स्वस्थ होना अत्यंत आवश्यक है। बिना स्वस्थ शरीर के किसी भी विद्यार्थी का समग्र विकास संभव नहीं है। अतः बचपन से ही विद्यार्थियों में स्वस्थ दिनचर्या एवं व्यक्तिगत स्वच्छता की आदतों का विकास किया जाना चाहिए। उन्होंने निर्देशित किया कि जनपद के प्रत्येक विद्यालय को ‘ईट राईट इंडिया’ अभियान के अंतर्गत प्रमाणित किया जाना सुनिश्चित किया जाए।उन्होंने कहा कि स्वस्थ समाज की आधारशिला सुरक्षित एवं पोषणयुक्त भोजन है, इसलिए सभी संबंधित विभाग इस दिशा में समन्वित प्रयास करें।
जिलाधिकारी ने खाद्य संरक्षा विभाग द्वारा संचालित ‘ईट राईट स्कूल’ कार्यक्रम को जनपद के सभी विद्यालयों में अभियान के रूप में लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विद्यालय को ‘ईट राईट स्कूल’ के रूप में प्रमाणित कराने हेतु आवश्यक कार्यवाही शीघ्र पूर्ण की जाए।जिससे छात्र-छात्राओं में प्रारंभिक अवस्था से ही संतुलित एवं सुरक्षित आहार की आदतें विकसित हो सकें।उन्होंने विद्यालय स्तर पर स्वच्छता, सुरक्षित भोजन एवं पोषण से संबंधित गतिविधियों—जागरूकता कार्यक्रम, प्रतियोगिताएं, कार्यशालाएं एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण—आयोजित करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि बच्चों के माध्यम से परिवार एवं समाज में भी स्वस्थ जीवनशैली का संदेश प्रभावी रूप से प्रसारित किया जा सकता है। ‘ईट राईट स्कूल’ कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों में खाद्य सुरक्षा, पोषण एवं स्वच्छता के प्रति जागरूकता विकसित करना है। यह कार्यक्रम विद्यार्थियों में संतुलित आहार एवं स्वच्छ आदतों को प्रोत्साहित कर दीर्घकालिक स्वास्थ्य सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी.एस. खाती, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. देवेश चौहान, मुख्य कृषि अधिकारी धनपत कुमार, मुख्य शिक्षा अधिकारी मान सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी प्रियंका भट्ट, जिला अभिहित अधिकारी संजय कुमार सिंह आदि मौजूद थे।





